इटावा के बकेवर समीपवर्ती हिमाऊपुर गांव स्थित बाग में सात दिवसीय विशाल बौद्ध सम्मेलन तृतीय आयोजित। बुद्ध कथा धम्म देशना के दूसरे दिन गुरुवार को कथा वाचक अर्चना सिंह बौद्ध ने मौर्य सम्राट राजा वृहद्रथ वंश का वर्णन करते हुए कलाकारों के माध्यम से प्रस्तुति दी।

कथा सुनकर श्रोतागण भाव विभोर हुए वहीं इसी दौरान प्रो० एमपी सिंह कार्यक्रम में पहुंचे जहां सर्वप्रथम बाबा साहब और भगवान गौतम बुद्ध के चित्र पर माल्यार्पण कर नमन किया। जिसके बाद कमेटी के पदाधिकारी जयदेव राम बहादुर सिंह अमर सिंह भारती बृजेश बाबू शशि कपूर राजकुमार चिंतामणि विश्राम अतर सिंह व नृपेंद्र सिंह आदि ने मुख्य अतिथि प्रो० एम पी सिंह व पूरन सिंह व टीपू अंबेडकर विनय कुमार हरिश चन्द्र राधारानी , अंजली सिंह प्रो० लोकेन्द्र प्रताप सिंह आदि का स्वागत किया व महिलाओ को पुष्प भेटकर भव्य स्वागत किया।

कार्यक्रम मे मुख्य वक्ता प्रोफेसर एमपी सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में देश में अमन चैन व शांति के लिए तथागत गौतम बुद्ध एवं बाबा साहब डॉ अंबेडकर जी की समता समानता ,भाईचारा, करुणा ,मैत्रीपूर्ण विचारधारा को समाज में स्थापित करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि यह वह विचारधारा है जो दुश्मन को भी मित्र बना देती है और अंगुलिमाल जैसे डाकू को संत/भिक्कू बना देती है। साथ ही सामाजिक बुराइयों कुरीतियों व अंधविश्वास को समाज से मिटाने के लिए पंचशील के संकल्प के साथ दहेज न लेने ना देने एवं मृत्यु भोज न करने न कराने के संकल्प भी दिलाने के साथ अपने परिवार को बाबा साहब के विचारों का परिवार बनाने का सभी को संकल्प दिलाया।इस दौरान रा नाथूराम संदीप चौधरी आदि महिलाएँ बच्चे पुरुष भारी संख्या मे उपासक उपासिकाएं उपस्थित रहे।

